IED ब्लास्ट से सड़क में बन गया गहरा गड्ढा: 8 जवान और ड्राइवर शहीद
IED blast created a deep crater on the road: 8 soldiers and the driver martyred
IG-DGP घटनास्थल के लिए रवाना
बीजापुर। छत्तीसगढ़ के बीजापुर में नक्सलियों ने बड़ा हमला कर सुरक्षा बलों को निशाना बनाया है। शनिवार, 6 जनवरी को दोपहर लगभग 2:15 बजे, माओवादियों ने कुटरू-अंबेली मार्ग पर आईईडी विस्फोट कर सुरक्षा बल के वाहन को उड़ा दिया। इस हमले में दंतेवाड़ा DRG (डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड) के 8 जवान और एक वाहन चालक शहीद हो गए हैं। वहीं कई जवान घायल हैं, जिनकी हालत गंभीर है। घायलों को एयरलिफ्ट कर रायपुर ले जाने की तैयारी चल रही है।
हमले की प्रमुख बातें:
हमला बीजापुर के थाना कुटरू क्षेत्र में अंबेली नाला के पास हुआ।
हमले के बाद घटनास्थल पर मुठभेड़ जारी है।
अतिरिक्त सुरक्षा बल दंतेवाड़ा और आसपास के क्षेत्रों से घटनास्थल पर भेजा गया है।
घायलों को हेलीकॉप्टर से रायपुर ले जाने की तैयारी की जा रही है।
नक्सलियों की साजिश:
बताया जा रहा है कि नक्सलियों को जवानों के मूवमेंट की पहले से जानकारी थी। उन्होंने एंबुश लगाकर घातक विस्फोट किया। विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि वाहन 20 फीट तक हवा में उछल गया। इसके बाद नक्सलियों ने फोर्स पर फायरिंग शुरू कर दी।
वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल पर रवाना:
घटना की सूचना मिलते ही बस्तर IG सुंदरराज और रायपुर से DGP अशोक जुनेजा ने घटनास्थल के लिए प्रस्थान किया। सुरक्षा बलों का बैकअप दल भी घटनास्थल पर पहुंच रहा है।
नक्सल प्रभावित क्षेत्र:
घटना स्थल अबूझमाड़ के इलाके से सटा हुआ है, जो नक्सलियों का गढ़ माना जाता है। यह हमला नारायणपुर और बीजापुर की संयुक्त ऑपरेशन पार्टी पर उस समय किया गया, जब वे ऑपरेशन से लौट रहे थे।
नक्सलियों की सक्रियता का संकेत:
इस घटना ने नक्सलियों की सक्रियता और उनके आक्रामक रुख को फिर से उजागर कर दिया है। छत्तीसगढ़ के नक्सल चीफ विवेकानंद सिन्हा ने बताया कि घटना की जांच जारी है और सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
सरकार और प्रशासन की ओर से स्थिति पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। इस हमले ने क्षेत्र में सुरक्षा स्थिति को लेकर नई चुनौतियां खड़ी कर दी हैं।






