कलेक्टर ने पशुधन विकास विभाग के टीकाकरण दल को हरी झण्डी दिखाकर किया रवाना

The collector flagged off the vaccination team of the Animal Husbandry Department

कलेक्टर ने पशुधन विकास विभाग के टीकाकरण दल को हरी झण्डी दिखाकर किया रवाना

गरियाबंद। राष्ट्रीय पशुरोग नियंत्रण कार्यक्रम के तहत खुरपका-मुहपका टीकाकरण कार्यक्रम चरण-05 का प्रारंभ 01 मार्च से पूरे देश में एक साथ प्रारंभ हो रहा है। कलेक्टर  दीपक कुमार अग्रवाल ने कलेक्टोरेट परिसर से टीकाकरण दलों को हरी झण्डी दिखाकर गन्तव्य ग्रामों के लिए हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया।

कलेक्टर ने उपसंचालक एवं पशुधन विकास विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारियों को टीकाकरण के एक दिवस पूर्व नियमित रूप से पंचायतों से समन्वय कर मुनादि कराने के निर्देश देते हुए कहा कि टीकाकरण के आंकड़ों को भारत पशुधन ऐप में अनिवार्य रूप से प्रविष्ट करे।

टीकाकरण दल में पशुधन विकास विभाग के शामिल सभी अधिकारी एवं कर्मचारी पशुपालकों/किसानों के घर-घर जाकर निःशुल्क टीकाकरण कार्य संपादित करेंगे। इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी जी आर मरकाम भी मौजूद थे।

पशुधन विकास विभाग के उप संचालक डॉ. ओ.पी. तिवारी ने बताया कि जिले के 05 विकासखण्डों में लगभग 30 टीकाकरण दलों का गठन किया गया है। उन्होंने बताया कि एफएमडी रोग जिसे स्थानीय भाषा में खुरहा चपका भी कहा जाता है। इससे प्रभावित पशुओं को बहुत तेज बुखार आता है, बीमार पशुओं के मसूड़े, जीभ तथा मुख में छाले पड़ जाते है एवं बीमार पशु खाना पीना बंद कर देता है। जिससे वे शारीरिक रूप से कमजोर हो जाते है तथा पशुओं का उत्पादन अत्यंत कम प्रायः समाप्त हो जाता है। जिससे पशुपालकों एवं किसानों को अत्याधिक हानि होती है। पशुधन विकास विभाग द्वारा विगत वर्षों से लगातार टीकाकरण कार्य किये जाने से इस रोग में प्रभावी नियंत्रण हुआ है।