गांव में ही मिला जाति प्रमाण पत्र

Caste certificate received in the village itself

गांव में ही मिला जाति प्रमाण पत्र

बच्चों के चेहरों पर खिल उठी मुस्कान

रायपुर,  जून 2026

सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाए बिना यदि किसी विद्यार्थी को उसके गांव में ही आवश्यक दस्तावेज मिल जाएं, तो यह केवल सुविधा नहीं बल्कि उसके भविष्य को आसान बनाने की दिशा में बड़ा कदम होता है। रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ विकासखंड के कापू में आयोजित सुशासन तिहार के समाधान शिविर में कुछ ऐसा ही दृश्य देखने को मिला, जब स्कूली छात्र-छात्राओं को जाति प्रमाण पत्र वितरित किए गए। प्रमाण पत्र हाथ में मिलते ही बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे और उनके अभिभावक भी प्रसन्न नजर आए। 

जिले के दूरस्थ वनांचल क्षेत्र में आयोजित इस शिविर में जाति प्रमाण पत्र प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों में मुकेश मांझी, मंजू, प्रशांत कुर्रे, अन्नू टंडन और मलिंगा तिग्गा शामिल रहे। इन विद्यार्थियों के लिए यह दस्तावेज आगे की शिक्षा, छात्रवृत्ति, स्कूल प्रवेश और विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में मददगार होगा। 

लोकसभा सांसद राधेश्याम राठिया ने विद्यार्थियों को अपने हाथों से जाति प्रमाण पत्र प्रदान कर उन्हें शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि शासन की प्राथमिकता है कि लोगों को आवश्यक सेवाएं और सुविधाएं उनके गांव के निकट ही उपलब्ध हों, ताकि उन्हें अनावश्यक भागदौड़ न करनी पड़े। उन्होंने बताया कि ऐसे दस्तावेज विद्यार्थियों के शैक्षणिक और भविष्य के अवसरों के लिए बेहद महत्वपूर्ण होते हैं।

प्रमाण पत्र प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों ने शासन और प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया। उनका कहना था कि सुशासन तिहार के माध्यम से जरूरी सेवाएं सीधे गांव तक पहुंच रही हैं, जिससे समय, श्रम और आर्थिक संसाधनों की बचत हो रही है।